शिवालिक जेनक्लो एक बेहतरीन कीटनाशक है जो कई तरह के कीड़ों को कंट्रोल करता है जैसे पॉड बोरर और कैटरपिलर। यह कीटनाशक कीड़ों की मांसपेशियों पर असर करता है, जिससे कीड़े जल्दी सुन्न होकर मर जाते हैं। यह सिस्टेमिक और कॉन्टैक्ट दोनों तरीकों से काम करता है। यह दवा फसलों को लंबे समय तक सुरक्षा देती है और छिड़काव के कुछ ही घंटों में रिजल्ट दिखाती है। जेनक्लो कीटनाशक का फायदेमंद कीड़ों पर बहुत कम असर पड़ता है, इसलिए यह IPM (इंटीग्रेटेड पेस्ट मैनेजमेंट) के लिए सही है।
शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक की खास बातें और फायदे:
बहुत असरदार: शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक कई कीड़ों पर असर करता है जैसे स्टेम बोरर, लीफ फोल्डर और शूट बोरर।
बढ़िया कम्पैटिबिलिटी: यह कीटनाशक आम तौर पर इस्तेमाल होने वाली दवाओं के साथ मिलाया जा सकता है, जिससे प्रोडक्ट का पूरा असर बढ़ जाता है।
किफायती: यह कीटनाशक कम मात्रा में भी अच्छा काम करता है, जिससे बार-बार छिड़काव की जरूरत नहीं पड़ती।
रेजिस्टेंस मैनेजमेंट: यह कीड़ों में दवा के खिलाफ रेजिस्टेंस बनने का खतरा कम करता है, जिससे कीट कंट्रोल पूरा होता है।
जेनक्लो कीटनाशक के उपयोग:
शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक भारत की प्रमुख फसलों में कैटरपिलर कंट्रोल के लिए सुझाई गई दवा है:
धान: स्टेम बोरर, लीफ फोल्डर, आर्मीवर्म
गन्ना: स्टेम बोरर, शूट बोरर, आर्मीवर्म
भिंडी: शूट और फ्रूट बोरर
मिर्च: फ्रूट बोरर, कैटरपिलर
सोयाबीन: पॉड बोरर, स्पोडोप्टेरा, आर्मीवर्म
उड़द: पॉड बोरर, कैटरपिलर
कपास: अमेरिकन बॉलवर्म, पिंक बॉलवर्म
सब्जियां, दालें & फल वाली फसलें: कई तरह के कैटरपिलर कीड़े
जेनक्लो कीटनाशक की मात्रा:
अच्छे नतीजों के लिए शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक को पत्तों पर छिड़काव के रूप में हर फसल और टारगेट कीड़े के हिसाब से बताई गई मात्रा में इस्तेमाल करें।
फसल | टारगेट कीट | मात्रा / प्रति एकड़ | प्रति लीटर | प्रति 15 लीटर पंप | PHI |
धान | स्टेम बोरर, लीफ फोल्डर, आर्मीवर्म | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 30 दिन |
गन्ना | स्टेम बोरर, शूट बोरर, आर्मीवर्म | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 30 दिन |
भिंडी | शूट और फ्रूट बोरर | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 5 दिन |
मिर्च | फ्रूट बोरर, कैटरपिलर | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 5 दिन |
सोयाबीन | पॉड बोरर, स्पोडोप्टेरा, आर्मीवर्म | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 21 दिन |
उड़द | पॉड बोरर, कैटरपिलर | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 14 दिन |
कपास | बॉलवर्म | 60 मि.ली. | 0.4 मि.ली. | 6 मि.ली. | 21 दिन |
पंप में कितनी मात्रा: आम पत्तों पर छिड़काव के लिए 15 लीटर नैपसैक पंप में 4 से 5 मि.ली. दवा डालें। पत्तों पर स्प्रे रेट: 0.4 मि.ली. प्रति लीटर पानी (या 60 मि.ली. प्रति एकड़ 150 लीटर पानी में)।
शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक कैसे इस्तेमाल करें:
शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक की बोतल को खोलने से पहले अच्छी तरह हिलाएं ताकि दवा अच्छे से मिक्स हो जाए।
फसल के हिसाब से बताई गई मात्रा तालिका के अनुसार जेनक्लो कीटनाशक की जरूरी मात्रा नापें।
स्प्रे टैंक में जरूरी साफ पानी का करीब 70% भरें।
नापी हुई दवा को टैंक में धीरे-धीरे डालें और लगातार हिलाते रहें।
बाकी बचा हुआ पानी डालें और अच्छी तरह मिलाकर एक समान स्प्रे घोल बनाएं।
पत्तों की ऊपरी और निचली दोनों सतहों पर बराबर छिड़काव करें। बढ़वार वाली नोकों, फूलों, फलों और तने की गोभ पर खास ध्यान दें।
अगर कीड़ों का प्रकोप बना रहे तो 14 से 21 दिन बाद दोबारा छिड़काव करें। या जब कीड़े सबसे ज्यादा अंडे दे रहे हों तब दूसरा स्प्रे करें।
छिड़काव का सबसे अच्छा समय:
जेनक्लो कीटनाशक का छिड़काव तब करें जब फसल पर कीड़ों की शुरुआती गतिविधि दिखे — जब छोटे कैटरपिलर अभी खाना शुरू कर रहे हों, या जब पतंगे खेत में अंडे देते दिखें। धान और गन्ने में शुरुआती शूट स्टेज पर स्प्रे करें जब बोरर का हमला अभी शुरू हो रहा हो। कपास, मिर्च और भिंडी में जैसे ही पहले छोटे कीड़े या ताजे खाने के छेद पौधे पर दिखें, तुरंत छिड़काव करें।
कितनी बार छिड़काव करें और खेत में दोबारा कब जाएं:
कितनी बार छिड़काव करें: शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक को एक फसल चक्र में 1 से 2 बार 14 से 21 दिन के अंतर पर इस्तेमाल करें — इसका असर लंबे समय तक बना रहता है इसलिए पुरानी दवाओं के मुकाबले कम स्प्रे लगते हैं।
खेत में दोबारा कब जाएं: छिड़काव पूरी तरह सूखने के बाद मजदूर खेत में सुरक्षित जा सकते हैं। आम तौर पर छिड़काव के 4 से 6 घंटे बाद खेत में जाएं।
किसके साथ मिला सकते हैं: जेनक्लो कीटनाशक को ज्यादातर आम फंगीसाइड, कीटनाशक और पानी में घुलने वाली खाद के साथ मिला सकते हैं। बोर्डो मिक्सचर जैसे तेज क्षारीय प्रोडक्ट के साथ न मिलाएं। किसी भी टैंक मिक्स से पहले एक छोटे जार में टेस्ट जरूर करें।
सुरक्षा, सावधानियां और दवा की हैंडलिंग:
दवा को हैंडल करते समय दस्ताने, मास्क और आंखों पर सुरक्षा वाला चश्मा जरूर पहनें।
दवा मिलाते या छिड़काव करते समय कुछ खाएं नहीं, पिएं नहीं और बीड़ी-सिगरेट न पिएं।
हमेशा हवा के बहाव की तरफ छिड़काव करें ताकि दवा की फुहार आप पर न आए। हवा के सामने कभी छिड़काव न करें। बच्चों, पालतू जानवरों और मवेशियों को छिड़काव किए हुए खेत से दूर रखें।
काम खत्म होने के बाद अपने हाथ और शरीर के खुले हिस्से साबुन और पानी से अच्छी तरह धोएं।
गलती से पेट में चले जाने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं और प्रोडक्ट का लेबल साथ ले जाएं।
दवा को कैसे रखें:
दवा को ठंडी, सूखी और हवादार जगह पर रखें। सीधी धूप से बचाएं।
खाने-पीने की चीजों, पशु चारे और पीने के पानी से दूर रखें।
दवा को उसी बोतल में रखें जिसमें आई है और ढक्कन अच्छी तरह बंद रखें।
बच्चों, पालतू जानवरों और मवेशियों की पहुंच से दूर रखें।
रखने का तापमान: 30°C से कम
शेल्फ लाइफ: बनाने की तारीख से 24 महीने।
प्रोडक्ट की जानकारी:
विवरण | जानकारी |
प्रोडक्ट का नाम | शिवालिक जेनक्लो कीटनाशक |
टेक्निकल नाम | क्लोरैंट्रानिलिप्रोल 18.5% SC |
PHI | 5 से 30 दिन |
फॉर्मूलेशन का प्रकार | सस्पेंशन कॉन्सेंट्रेट (SC) |
कैटेगरी | कैटरपिलर कीड़ों के लिए डायमाइड कीटनाशक |
केमिकल ग्रुप (IRAC) | डायमाइड – ग्रुप 28 (रायनोडीन रिसेप्टर मॉड्यूलेटर) |
काम करने का तरीका | पेट + कॉन्टैक्ट – रायनोडीन रिसेप्टर्स को एक्टिवेट करता है, जिससे कैटरपिलर की मांसपेशियां सुन्न हो जाती हैं |
बनाने वाली कंपनी | शिवालिक क्रॉप साइंसेज प्रा. लि. |
टारगेट कीड़ों का प्रकार | स्टेम बोरर, लीफ फोल्डर, शूट बोरर, बॉलवर्म, पॉड बोरर, फ्रूट बोरर, स्पोडोप्टेरा |
किन फसलों के लिए | धान, गन्ना, कपास, भिंडी, मिर्च, सोयाबीन, उड़द, सब्जियां, दालें, फल वाली फसलें |
उपलब्ध पैक साइज | 60 मि.ली., 150 मि.ली. |
बनाने वाला देश | भारत |
शेल्फ लाइफ | बनाने की तारीख से 2 साल |
छिड़काव का तरीका | पत्तों पर छिड़काव |