क्विज़ाफ्लो एक चयनात्मक प्रणालीगत शाकनाशी है जिसमें क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC होता है, जो विशेष रूप से सोयाबीन, कपास, मूंगफली, उड़द और प्याज जैसी चौड़ी पत्ती वाली फसलों में सकरी पत्ती वाले घास खरपतवारों को नियंत्रित करने के लिए बनाया गया है। छिड़काव के बाद, क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC खरपतवार की पत्तियों द्वारा 1 से 4 घंटे के भीतर अवशोषित हो जाता है और जड़ों तथा भूमिगत राइज़ोम सहित पूरे खरपतवार पौधे में फैल जाता है, जिससे पूर्ण नाश होता है और दोबारा उगने की संभावना नहीं रहती। दिखाई देने वाले लक्षण 5 से 8 दिनों में दिखते हैं, और खरपतवार 10 से 15 दिनों में पूरी तरह नष्ट हो जाते हैं। क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC भारत भर में खरीफ और रबी सीजन की चौड़ी पत्ती वाली फसलों के किसानों के लिए एक भरोसेमंद और किफायती पोस्ट-इमर्जेंस खरपतवार प्रबंधन समाधान है।
क्विज़ाफ्लो की मुख्य विशेषताएं और फायदे:
चयनात्मक क्रिया: क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC केवल सकरी पत्ती वाले घास खरपतवारों को नियंत्रित करता है, सोयाबीन, कपास, मूंगफली और प्याज जैसी चौड़ी पत्ती वाली फसलों को कोई नुकसान नहीं पहुँचाता।
प्रणालीगत नियंत्रण: खरपतवार की पत्तियों द्वारा अवशोषित होकर जड़ों और राइज़ोम तक पहुँचता है, जिससे पूर्ण नाश होता है और दोबारा उगने की संभावना नहीं रहती।
पोस्ट-इमर्जेंस उपयोग: क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC को खरपतवार मिट्टी से निकलने के बाद छिड़काव किया जा सकता है, जो किसानों के लिए लचीला विकल्प है।
रेनफास्ट: खरपतवार की पत्तियों द्वारा 1 से 4 घंटे के भीतर अवशोषित हो जाता है, छिड़काव के तुरंत बाद बारिश होने पर भी प्रभावी रहता है।
टारगेट खरपतवार— क्विज़ाफ्लो किन खरपतवारों को नियंत्रित करता है?
वार्षिक घास खरपतवार: इकिनोक्लोआ कोलोनम (सावक), डिजिटेरिया सैंगुइनालिस (लार्ज क्रैबग्रास), इल्यूसिन इंडिका (गूसग्रास), इरैग्रोस्टिस एसपीपी.
बहुवर्षीय घास खरपतवार: सायनोडॉन डैक्टाइलॉन (दूब घास), सैकेरम स्पॉन्टेनियम (कांस घास), सोरघम हेलेपेंस (जॉनसन घास), इम्पेराटा सिलिंड्रिका
स्वयंसेवी फसलें खरपतवार के रूप में: स्वयंसेवी धान, ज्वार, बाजरा, मक्का जो चौड़ी पत्ती वाली फसलों में खरपतवार के रूप में उगते हैं
महत्वपूर्ण: क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC धान, गेहूं, ज्वार, मक्का, जौ, बाजरा और गन्ना फसलों पर बिल्कुल अनुशंसित नहीं है — यह इन फसलों को नुकसान पहुँचाएगा या नष्ट कर देगा।
क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC खुराक — फसलवार अनुशंसित खुराक:
क्विज़ाफ्लो को प्रति एकड़ 150–200 लीटर पानी में मिलाकर पर्णीय छिड़काव करें। क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC का पोस्ट-इमर्जेंस छिड़काव तब करें जब खरपतवार सक्रिय रूप से बढ़ रहे हों और उनमें 2–4 पत्तियाँ हों।
फसल | टारगेट खरपतवार | खुराक/एकड़ | प्रति 15 लीटर पंप | PHI (कटाई पूर्व अंतराल) |
सोयाबीन | वार्षिक और बहुवर्षीय घास खरपतवार | 150 से 180 मि.ली. | 11 से 14 मि.ली. | 95 दिन |
कपास | वार्षिक और बहुवर्षीय घास खरपतवार | 180 मि.ली. | 14 मि.ली. | 94 दिन |
मूंगफली | वार्षिक और बहुवर्षीय घास खरपतवार | 150 से 180 मि.ली. | 11 से 14 मि.ली. | 89 दिन |
उड़द | वार्षिक घास खरपतवार | 150 से 180 मि.ली. | 11 से 14 मि.ली. | 60 दिन |
प्याज | वार्षिक घास खरपतवार | 150 से 180 मि.ली. | 11 से 14 मि.ली. | 60 दिन |
नोट: दूब घास और कांस घास जैसे बहुवर्षीय खरपतवारों के लिए, पूर्ण नाश हेतु खुराक बढ़ाकर 250–300 मि.ली. प्रति एकड़ करें।
क्विज़ाफ्लो का उपयोग कैसे करें — छिड़काव निर्देश:
खुराक तालिका के अनुसार क्विज़ाफ्लो की आवश्यक मात्रा मापें।
स्प्रेयर को आधा साफ पानी से भरें।
क्विज़ाफ्लो की आवश्यक मात्रा डालें और शेष पानी से भरें।
खरपतवार की पत्तियों पर समान छिड़काव के लिए फ्लैट फैन या फ्लड जेट नोज़ल का उपयोग करें।
सक्रिय रूप से बढ़ रहे खरपतवार की पत्तियों पर सीधे और समान रूप से छिड़काव करें।
मुख्य फसल की पत्तियों पर छिड़काव न करें — आवश्यकता हो तो हुड या शील्ड का उपयोग करें।
उपयोग के बाद स्प्रेयर को साफ पानी से धोएं।
छिड़काव का सबसे अच्छा समय:
क्विज़ालोफॉप इथाइल 10% EC का छिड़काव सुबह जल्दी या शाम को करें जब तापमान ठंडा हो और हवा की गति कम हो। बुवाई के 15–25 दिन बाद जब खरपतवार 2–4 पत्ती अवस्था में हों, तब छिड़काव करें ताकि सर्वोत्तम अवशोषण और तेज़ नाश हो।
छिड़काव की आवृत्ति और पुनः प्रवेश अवधि:
छिड़काव की आवृत्ति: खरपतवार की 2–4 पत्ती अवस्था में एक सही समय पर किया गया छिड़काव आमतौर पर पर्याप्त होता है। भारी बहुवर्षीय खरपतवार दबाव के लिए, 3–4 सप्ताह बाद दूसरा छिड़काव आवश्यक हो सकता है।
पुनः प्रवेश अवधि: छिड़काव के बाद कम से कम 24 घंटे तक उपचारित क्षेत्र में प्रवेश न करें।
टैंक-मिक्स अनुकूलता: 2,4-D या इमाज़ेथापायर जैसे चौड़ी पत्ती वाले शाकनाशियों के साथ एक ही टैंक में न मिलाएं, क्योंकि इससे प्रभावकारिता कम होती है। पर्णीय उर्वरकों के साथ टैंक-मिक्स किया जा सकता है। मिलाने से पहले हमेशा जार टेस्ट करें।
सुरक्षा और सावधानियां:
उपयोग से पहले दस्ताने, चश्मा और मास्क सहित सुरक्षात्मक कपड़े पहनें।
छिड़काव के दौरान खाना न खाएं, पानी न पिएं