मोनो अमोनियम फॉस्फेट (एमएपी) (12:61:00): एक प्रभावी उर्वरक
मोनो अमोनियम फॉस्फेट (एमएपी) (12:61:00) एक प्रमुख उर्वरक है जो पौधों को फास्फोरस (P) और नाइट्रोजन (N) प्रदान करता है। यह उर्वरक उद्योग में सामान्य रूप से उपयोग होने वाले दो घटकों से बना है और इसमें किसी भी सामान्य ठोस उर्वरक में सबसे अधिक फास्फोरस (P) होता है।
यह नए जड़ों की वृद्धि और तेजी से पौधों की हरियाली बढ़ाने में सहायक है। इसके अलावा, यह प्रजनन अंगों की सही वृद्धि और परागण को बढ़ावा देता है।
लाभ:
यह सभी प्रकार की फसलों के लिए उपयुक्त है।
फूलों का गिरना कम करता है, फल लगने की प्रक्रिया को बढ़ाता है, और पैदावार और गुणवत्ता में सुधार करता है।
पोषक तत्वों का अवशोषण क्षमता बढ़ती है क्योंकि यह रिसाव और उड़ा देने से होने वाली हानि को कम करता है।
चूंकि नाइट्रोजन और फास्फोरस विशेष रूप से संरचित होते हैं, यह पौधों के सभी चरणों में उत्कृष्ट वृद्धि प्रदान करता है: बीज से लेकर अंकुरण, हरियाली, प्रजनन और पकने तक।
उपयोग:
सिंचाई के साथ: अंगूर, अनार, केला, कपास, टमाटर, प्याज, गन्ना, अदरक, हल्दी, तरबूज, पुष्पवर्धन और संरक्षित खेती।
पत्तियों पर छिड़काव: सभी फसलें।
उपयोग की मात्रा: प्रति लीटर पानी में 5 से 8 ग्राम