न्यूट्रांटा ब्लैक पर्ल-506 हाइब्रिड सरसों के बीज के साथ सबसे अच्छी सरसों की फसल उगाएं, जो उच्च तेल सामग्री, जोरदार पौधों की वृद्धि और उत्कृष्ट उपज प्रदर्शन के लिए विशेष रूप से विकसित किए गए हैं। ये हाइब्रिड बीज मजबूत रोग सहनशीलता, समान फली निर्माण और विविध मिट्टी एवं जलवायु परिस्थितियों में बेहतर अनुकूलन क्षमता प्रदान करते हैं।
सरसों के बीज की विशेषताएं:
विशेषता | विवरण |
नाम | न्यूट्रांटा ब्लैक पर्ल-506 हाइब्रिड सरसों के बीज |
बीज का रंग | गहरा भूरा से काला |
पौधे की ऊंचाई | 90 से 105 सेमी |
तेल की मात्रा | 41% से 42% |
परिपक्वता | 115–125 दिन |
औसत उपज | 10–12 क्विंटल प्रति एकड़ |
बीज का प्रकार | हाइब्रिड |
सरसों के बीज के फायदे:
41–42% उच्च तेल सामग्री, जो बेहतर बाजार रिटर्न देती है।
मिट्टी की संरचना में सुधार करती है और मिट्टी के कटाव को रोकती है।
मिट्टी के पोषक तत्वों को बहाल करने में मदद करती है, जिससे अगली फसल की वृद्धि में सहायता मिलती है।
खरपतवार की वृद्धि को प्राकृतिक रूप से दबाती है, जिससे एक स्वस्थ फसल पारिस्थितिकी तंत्र बनाए रखने में मदद मिलती है।
जोरदार वृद्धि समान फली भराव और उच्च उपज क्षमता सुनिश्चित करती है।
सरसों के बीज की आवश्यकताएं:
आवश्यकताएं | विवरण |
मौसम | अक्टूबर – नवंबर (रबी बुवाई) |
बीज दर | 2 किग्रा. प्रति एकड़ |
मिट्टी का प्रकार | अच्छी जल निकासी वाली, मध्यम से गहरी दोमट मिट्टी |
मिट्टी का pH | 6.0 से 7.5 |
धूप | 6 से 8 घंटे सीधी धूप |
तापमान | 10°C से 25°C |
पानी | नियमित सिंचाई |
उर्वरक | NPK उर्वरक अनुशंसित |
सरसों के बीज की बुवाई के टिप्स:
सरसों के बीज बोने से पहले ठंडे तापमान को सुनिश्चित करें।
नियमित नमी बनाए रखें लेकिन जलभराव से बचें।
बेहतर वायु संचार और फली विकास के लिए उचित दूरी बनाए रखें।
बुवाई के समय और वृद्धि के चरणों में संतुलित NPK उर्वरक का प्रयोग करें।
एफिड्स, फ्ली बीटल, स्लग और व्हाइटफ्लाई जैसे कीटों पर नजर रखें।
स्वस्थ पौधों की स्थापना के लिए शुरुआती अवस्था में खरपतवार हटाएं।