हेरनबा पिरोज एक चयनात्मक, अत्यधिक प्रभावी प्री-इमर्जेंट और अर्ली पोस्ट-इमर्जेंट शाकनाशी है जो पायराज़ोसल्फ्यूरॉन एथिल 10% WP से तैयार किया गया है। विशेष रूप से धान के खेतों के लिए डिज़ाइन किया गया, यह वार्षिक घासों, मोथाओं और चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों की शुरुआती अवस्थाओं में उत्कृष्ट नियंत्रण प्रदान करता है। इसकी बेहतर प्रणालीगत क्रिया जड़ों और तनों के माध्यम से पूर्ण अवशोषण सुनिश्चित करती है, जो धान की फसल के लिए सुरक्षित रहते हुए खरपतवार वृद्धि को प्रभावी रूप से रोकती है। पिरोज बेहतर फसल स्थापना, बेहतर पोषक तत्व उपलब्धता और समग्र उपज प्रदर्शन को बढ़ाने में सहायक है।
टेक्निकल नाम:
काम करने का तरीका:
पिरोज संवेदनशील खरपतवार प्रजातियों में एसिटोलैक्टेट सिंथेज़ (ALS) एंजाइम को रोकता है, जिससे आवश्यक अमीनो एसिड संश्लेषण अवरुद्ध हो जाता है। इससे कोशिका विभाजन और वृद्धि दब जाती है, जिससे लक्षित खरपतवारों की धीरे-धीरे मृत्यु हो जाती है।
लक्षित खरपतवार:
वार्षिक घासें, मोथा, चौड़ी पत्ती वाले खरपतवार
सामान्य खरपतवार: इकिनोक्लोआ एसपीपी., साइपेरस डिफॉर्मिस, फिम्ब्रिस्टाइलिस मिलिएसिया, लुडविगिया पार्विफ्लोरा, मोनोकोरिया वेजिनेलिस, आदि।
फायदे और विशेषताएं:
धान के लिए चयनात्मक, सुरक्षित शाकनाशी
शुरुआती अवस्थाओं में खरपतवारों को नियंत्रित करता है (प्री और अर्ली पोस्ट-इमर्जेंस)
प्रणालीगत क्रिया पूर्ण आंतरिक नियंत्रण सुनिश्चित करती है
बेहतर पौध स्थापना को बढ़ावा देता है
फसल-खरपतवार प्रतिस्पर्धा को कम करता है
समग्र उपज में सुधार करने में सहायक
मात्रा:
प्री-इमर्जेंट के लिए: 80 ग्रा. प्रति एकड़ उपयोग करें
अर्ली पोस्ट-इमर्जेंट के लिए: 200 से 300 ग्रा. प्रति एकड़ उपयोग करें
समान कवरेज के लिए खेत की स्थिति के अनुसार अनुशंसित पानी की मात्रा का उपयोग करें।