कात्यायनी सीवीड एक्सट्रैक्ट उर्वरक एक प्रभावी बायोस्टिमुलेंट है जो न केवल पौधों की वृद्धि को बढ़ाता है, बल्कि कृषि प्रथाओं में मिट्टी के स्वास्थ्य और सततता को भी बढ़ावा देता है।
क्रिया का तरीका:
सीवीड एक्सट्रैक्ट पोषक तत्वों के अवशोषण को बढ़ाता है और तनाव प्रतिरोधक क्षमता में सुधार करता है। इसे पूरी वृद्धि अवधि के दौरान लागू करने से मनचाहे पैदावार में वृद्धि होती है, जड़ विकास को बढ़ावा मिलता है, और पौधों के प्रारंभिक विकास में मदद मिलती है।
वृद्धि में वृद्धि: बीज अंकुरण में सुधार और जड़ों के विकास को उत्तेजित करता है, जिससे उच्च गुणवत्ता वाले फूल और स्वादिष्ट फल प्राप्त होते हैं।
संतुलित पोषण: इसमें नाइट्रोजन, पोटेशियम, और फास्फोरस जैसे आवश्यक पोषक तत्व होते हैं, साथ ही कैल्शियम, मैग्नीशियम, जिंक, बोरॉन, और मोलिब्डेनम जैसे चीलाटेड ट्रेस तत्व भी होते हैं, जो संतुलित पौधों के पोषण में मदद करते हैं।
मिट्टी में सुधार: मिट्टी की गुणवत्ता और उर्वरता में सुधार करता है, जिससे यह सभी प्रकार की फसलों, जैसे फल और सब्जियों, के लिए उपयुक्त होता है।
आवेदन में आसानी: यह तरल कंसंट्रेट रूप में उपलब्ध है, जो सूखे या केलप सीवीड के मुकाबले आवेदन में अधिक आसान है।
सिद्ध प्रभावशीलता: यह कृषि में सबसे अधिक शोधित सीवीड प्रजातियों से प्राप्त है, जिससे विश्वसनीय परिणाम सुनिश्चित होते हैं।
आवेदन दिशा-निर्देश:
उपयोग की मात्रा:
मिट्टी में आवेदन: प्रति हेक्टेयर 2 किलोग्राम (पानी में घोलकर आवेदन किया जा सकता है)।
पत्ती पर छिड़काव: प्रति लीटर पानी में 1 ग्राम (छिड़काव सिंचाई, बूंद से सिंचाई, और फ्लो सिंचाई के लिए उपयुक्त)।
कस्टमाइज्ड फॉर्मुलेशन: विशेष मिट्टी और जलवायु परिस्थितियों के आधार पर समायोजित किया जा सकता है।
अतिरिक्त जानकारी:
एस्कोफिलम नोडोसम से प्राप्त: यह प्रजाति अपने बायोएक्टिव यौगिकों की समृद्धि के लिए जानी जाती है, जो पौधों के स्वास्थ्य में योगदान करती है।
पर्यावरणीय प्रभाव: इस उर्वरक के उपयोग से रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों पर निर्भरता को कम करने में मदद मिल सकती है, जिससे सतत कृषि प्रथाओं को बढ़ावा मिलता है।